Monday, December 30, 2013
पूजा और फल
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ईश्वर को याद करने के,उसकी आराधना करने के हरेक व्यक्ति के अपने तरीके होते है। अपनी माँ को हमेशा पूजा के बजाय पाठ करते ही देखा क्योकि...
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Monday, December 16, 2013
"आ अब लौट चले "
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एक वैवाहिक समारोह में मेरी एक चचेरी भतीजी मिली बहुत दिनों बाद ,पारिवारिक कुशल...
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Sunday, November 24, 2013
बाबूजी कि स्मृति में .....
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आज25 नवम्बर के दिन बाबूजी कि चौतीसवी पुण्यतिथि है ,"बाबूजी " शब्द कहते हुए एक पूरा युग बीत जाता है आँखों के सामने । ५१ साल ...
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Monday, November 11, 2013
स्त्रियो का संसार ,आधी आबादी का संसार
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स्त्रियो का संसार ,आधी आबादी का संसार आज समाज के हर क्षेत्र में आधी आबादी का महत्वपूर्ण योगदान है | महानगरो में ,बड़े शहरो में ,छोटे शहरो...
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Saturday, October 26, 2013
ऐसा क्यो होता है ?
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ऐसा क्यों होता है , अधिकतर बियुटी पार्लर वाली डरावनी क्यों होती है ? जिम का मालिक इतना मोटा क्यों होता है ? फल बे...
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मेरी माँ
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http://hindi.webdunia.com/miscellaneous/literature/poems/0907/28/1090728054_1.हतं वेब दुनिया का लिंक है कृपया क्लिक करे .
अपनी बात
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सुधा से मिले बहुत दिन हो गये थे सोचा चलो आज मिल लू |सुधा मेरी छोटी बहन है , वो अधिक्तर बीमार ही रहती है ,इसीलिये यो कहिये सबको उससे ...
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Friday, September 20, 2013
बस कुछ यूँ ही ....कुछ अध लिखा ....
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बहुत दिनों से कुछ अधू रा सा लिखा रखा है आज वो ही ..... 1. हमने बाँट लिए नदी ,पहाड़, झरने हमने बाँट लिए धरती के टुकड़े आकाश के कोन...
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Saturday, June 01, 2013
सुविधा भोगी हम
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सुविधा भोगी हम सुविधाओ के आगोश में पलते हम , सुविधाओ के जंगल में खो गये हम , क्रांति की मशाल जलाते जलाते सुविधाओ की...
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Monday, May 13, 2013
जीवन संध्या
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मै नहीं जानती ये कविता कैसे बन कैसे बन गई ?एक क्षण कुछ महसूस किया और अगले एक मिनिट में यह रचना बन गई | घर में रखे पुराने सामान की तरह...
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